कुशावतीं श्रोत्रियसात्स कृत्वा
यात्रानुकूलेऽहनि सावरोधः ।
अनुद्रुतो वायुरिवाभ्रवृन्दैः
सैन्यैरयोध्याभिमुखः प्रतस्थे ॥
कुशावतीं श्रोत्रियसात्स कृत्वा
यात्रानुकूलेऽहनि सावरोधः ।
अनुद्रुतो वायुरिवाभ्रवृन्दैः
सैन्यैरयोध्याभिमुखः प्रतस्थे ॥
यात्रानुकूलेऽहनि सावरोधः ।
अनुद्रुतो वायुरिवाभ्रवृन्दैः
सैन्यैरयोध्याभिमुखः प्रतस्थे ॥
अन्वयः
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सः कुशावतीम् श्रोत्रिय-सात् कृत्वा, यात्रा-अनुकूले अहनि स-अवरोधः सन्, अभ्र-वृन्दैः वायुः इव सैन्यैः अनुद्रुतः सन् अयोध्या-अभिमुखः प्रतस्थे ।
सञ्जीविनीटीका (मल्लिनाथः)
कुशावतीमिति॥ स कुशः कुशावतीं श्रोत्रियेषु छान्दसेष्वधीनां श्रोत्रियसात्।
तदधीनवचने (अष्टाध्यायी ५.४.५४ ) इति सातिप्रत्ययः। श्रोत्रियंश्छन्दोऽधीते (अष्टाध्यायी ५.२.८४ ) इति निपातः। श्रोत्रियच्छान्दसौ समौ इत्यमरः (अमरकोशः २.७.६ ) । कृत्वा यात्रानुकूलेऽहनि सावरोधः सान्तःपुरः सन्। वायुरभ्रवृन्दैरिव। सैन्यैरनुद्रुतोऽनुगतः सन्, अयोध्याभिमुखं प्रतस्थे ॥
Summary
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Having entrusted Kushavati to the care of learned Brahmins, King Kusha, on a day auspicious for travel, set out for Ayodhya with his royal household, followed by his armies, just as the wind is followed by masses of clouds.
सारांश
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कुशावती को ब्राह्मणों को सौंपकर कुश शुभ मुहूर्त में अयोध्या की ओर चल पड़े। उनकी सेना बादलों के पीछे चलती तीव्र वायु के समान लग रही थी।
पदच्छेदः
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| कुशावतीं | कुशावती (२.१) | Kushavati |
| श्रोत्रियसात् | श्रोत्रियसात् | entrusted to the Brahmins |
| सः | तद् (१.१) | he |
| कृत्वा | कृत्वा (√कृ+क्त्वा) | having made |
| यात्रानुकूले | यात्रा–अनुकूल (७.१) | auspicious for travel |
| अहनि | अहन् (७.१) | on a day |
| सावरोधः | सावरोध (१.१) | with his royal household |
| अनुद्रुतः | अनुद्रुत (अनु√द्रु+क्त, १.१) | followed |
| वायुः | वायु (१.१) | wind |
| इव | इव | like |
| अभ्रवृन्दैः | अभ्र–वृन्द (३.३) | by masses of clouds |
| सैन्यैः | सैन्य (३.३) | by armies |
| अयोध्याभिमुखः | अयोध्या–अभिमुख (१.१) | facing Ayodhya |
| प्रतस्थे | प्रतस्थे (प्र√स्था कर्तरि लिट् (आत्मने.) प्र.पु. एक.) | set out |
छन्दः
उपजातिः [११]
छन्दोविश्लेषणम्
| १ | २ | ३ | ४ | ५ | ६ | ७ | ८ | ९ | १० | ११ |
|---|---|---|---|---|---|---|---|---|---|---|
| कु | शा | व | तीं | श्रो | त्रि | य | सा | त्स | कृ | त्वा |
| या | त्रा | नु | कू | ले | ऽह | नि | सा | व | रो | धः |
| अ | नु | द्रु | तो | वा | यु | रि | वा | भ्र | वृ | न्दैः |
| सै | न्यै | र | यो | ध्या | भि | मु | खः | प्र | त | स्थे |
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