ते पुत्रयोर्नैरृतशस्त्रमार्गा-
नार्द्रानिवाङ्गे सदयं स्पृशन्त्यौ ।
अपीप्सितं क्षत्रकुलाङ्गनानां
न वीरसूशब्दमकामयेताम् ॥
ते पुत्रयोर्नैरृतशस्त्रमार्गा-
नार्द्रानिवाङ्गे सदयं स्पृशन्त्यौ ।
अपीप्सितं क्षत्रकुलाङ्गनानां
न वीरसूशब्दमकामयेताम् ॥
नार्द्रानिवाङ्गे सदयं स्पृशन्त्यौ ।
अपीप्सितं क्षत्रकुलाङ्गनानां
न वीरसूशब्दमकामयेताम् ॥
अन्वयः
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ते (जनन्यौ) पुत्रयोः अङ्गे आर्द्रान् इव नैर्ऋत-शस्त्र-मार्गान् सदयं स्पृशन्त्यौ, क्षत्र-कुल-अङ्गनानाम् अभीप्सितं वीरसू-शब्दं न अकामयेताम्।
सञ्जीविनीटीका (मल्लिनाथः)
ते इति॥ ते मातरौ पुत्रयोरङ्गे शरीरे नैर्ऋतशस्त्राणां राक्षसशस्त्राणां मार्गान्व्रणानार्द्रान्सरसानिव सदयं स्पृशन्त्यौ क्षत्रकुलाङ्गनानामीप्सितमिष्टमपि वीरसूर्वीरमातेति शब्दं नाकामयेताम्। वीरप्रसवो दुःखहेतुरिति भावः ॥
Summary
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Tenderly touching the fresh scars on their sons' bodies left by the Rakshasas' weapons, the two mothers felt that the coveted title 'mother of a hero', so desired by Kshatriya women, was not worth the pain their sons had endured.
सारांश
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पुत्रों के शरीर पर राक्षसों के शस्त्रों के घावों को कोमलता से स्पर्श करती हुई वे माताएँ क्षत्रिय धर्म के 'वीरप्रसू' गौरव की कामना भी नहीं कर रही थीं।
पदच्छेदः
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| ते | तद् (१.२) | They two |
| पुत्रयोः | पुत्र (६.२) | of the two sons |
| नैर्ऋतशस्त्रमार्गान् | नैर्ऋत–शस्त्र–मार्ग (२.३) | the paths of Rakshasa weapons (scars) |
| आर्द्रान् | आर्द्र (२.३) | fresh |
| इव | इव | as if |
| अङ्गे | अङ्ग (७.१) | on the body |
| सदयम् | सदयम् | tenderly |
| स्पृशन्त्यौ | स्पृशन्ती (√स्पृश्+शतृ, १.२) | touching |
| अपीप्सितं | अभीप्सित (अभि√आप्+सन्+क्त, २.१) | desired |
| क्षत्रकुलाङ्गनानां | क्षत्र–कुल–अङ्गना (६.३) | of the women of the Kshatriya lineage |
| न | न | not |
| वीरसूशब्दम् | वीरसू–शब्द (२.१) | the title 'mother of a hero' |
| अकामयेताम् | अकामयेताम् (√कम् +णिच् कर्तरि लङ् (आत्मने.) प्र.पु. द्वि.) | they two desired |
छन्दः
उपजातिः [११]
छन्दोविश्लेषणम्
| १ | २ | ३ | ४ | ५ | ६ | ७ | ८ | ९ | १० | ११ |
|---|---|---|---|---|---|---|---|---|---|---|
| ते | पु | त्र | यो | र्नै | रृ | त | श | स्त्र | मा | र्गा |
| ना | र्द्रा | नि | वा | ङ्गे | स | द | यं | स्पृ | श | न्त्यौ |
| अ | पी | प्सि | तं | क्ष | त्र | कु | ला | ङ्ग | ना | नां |
| न | वी | र | सू | श | ब्द | म | का | म | ये | ताम् |
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