Loading data... On slow networks this could take a few minutes.
100%

तत्रेश्वरेण जगतां प्रलयादिवोर्वीं
वर्षात्ययेन रुचमभ्रघनादिवेन्दोः ।
रामेण मैथिलसुतां दशकण्ठकृच्छ्रा
त्प्रत्युद्धतां धृतिमतीं भरतो ववन्दे ॥

अन्वयः AI तत्र भरतः, जगताम् ईश्वरेण प्रलयात् उर्वीम् इव, वर्षा-अत्ययेन इन्दोः अभ्र-घनात् रुचम् इव, रामेण दशकण्ठ-कृच्छ्रात् प्रति-उद्धृताम् धृतिमतीम् मैथिल-सुताम् ववन्दे।
सञ्जीविनीटीका (मल्लिनाथः) तत्रेति॥ तत्र विमाने जगतामीश्वरेणादिवराहेण प्रलयादुर्वीमिव। वर्षात्ययेन शरदागमेनाभ्रघनात् मेघसंघातादिन्दो रुचं चन्द्रिकामिव। रामेण दशकण्ठ एव कृच्छ्रं संकटं तस्मात् प्रत्युद्धृतां धृतिमतीं संतोषवतीं मैथिलसुतां सीतां भरतो ववन्दे ॥
Summary AI There, Bharata saluted the steadfast Sita. She had been rescued by Rama from the affliction caused by Ravana, just as the Earth is rescued from the deluge by the Lord of the worlds, or as the moon's radiance is rescued from dense clouds at the end of the rainy season.
सारांश AI भरत ने सीता माता को प्रणाम किया, जिन्हें राम ने रावण के चंगुल से वैसे ही छुड़ाया था जैसे ईश्वर प्रलय से पृथ्वी को या वर्षा ऋतु बीतने पर चंद्रमा अपनी चांदनी को मुक्त करता है।
पदच्छेदः AI
तत्रतत्र there
ईश्वरेणईश्वर (३.१) by the Lord
जगताम्जगत् (६.३) of the worlds
प्रलयादिवप्रलय (५.१)इव like from the deluge
उर्वीम्उर्वी (२.१) the Earth
वर्षात्ययेनवर्षाअत्यय (३.१) by the end of the rainy season
रुचम्रुच् (२.१) the radiance
अभ्रघनादिवअभ्रघन (५.१)इव like from a dense cloud
इन्दोःइन्दु (६.१) of the moon
रामेणराम (३.१) by Rama
मैथिलसुताम्मैथिलसुता (२.१) the daughter of the king of Mithila, Sita
दशकण्ठकृच्छ्रात्दशकण्ठकृच्छ्र (५.१) from the trouble caused by Ravana
प्रत्युद्धृताम्प्रत्युद्धृत (प्रति+उद्√हृ+क्त, २.१) rescued
धृतिमतीम्धृतिमत् (२.१) the steadfast one
भरतःभरत (१.१) Bharata
ववन्देववन्दे (√वन्द् कर्तरि लिट् (आत्मने.) प्र.पु. एक.) saluted
छन्दः वसन्ततिलका [१४: तभजजगग]
छन्दोविश्लेषणम्
१० ११ १२ १३ १४
त्रे श्व रे तां प्र या दि वो र्वीं
र्षा त्य ये रु भ्र ना दि वे न्दोः
रा मे मै थि सु तां ण्ठ कृ च्छ्रा
त्प्र त्यु द्ध तां धृ ति तीं तो न्दे
About

Sanskrit Sahitya is a free, open-access digital library of classical Sanskrit literature with AI-powered tools and translations.