दृशोर्द्वयी ते विधिनास्ति वञ्चिता
मुखस्य लक्ष्मीं तव यन्न वीक्षते ।
असावपि श्वस्तदिमां नलानने
विलोक्य साफल्यमुपैतु जन्मनः ॥
दृशोर्द्वयी ते विधिनास्ति वञ्चिता
मुखस्य लक्ष्मीं तव यन्न वीक्षते ।
असावपि श्वस्तदिमां नलानने
विलोक्य साफल्यमुपैतु जन्मनः ॥
मुखस्य लक्ष्मीं तव यन्न वीक्षते ।
असावपि श्वस्तदिमां नलानने
विलोक्य साफल्यमुपैतु जन्मनः ॥
अन्वयः
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ते दृशोः द्वयी विधिना वञ्चिता अस्ति यत् तव मुखस्य लक्ष्मीम् न वीक्षते । असौ अपि श्वः नल-आनने तत् इमाम् (लक्ष्मीम्) विलोक्य जन्मनः साफल्यम् उपैतु ।
Summary
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'His (Nala's) pair of eyes has been cheated by fate, for it does not see the beauty of your face. May that pair of eyes, tomorrow, by seeing this very beauty on Nala's face, attain the fruitfulness of its existence.'
पदच्छेदः
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| दृशोः | दृश् (६.२) | of the eyes |
| द्वयी | द्वयी (१.१) | the pair |
| ते | तद् (६.१) | his (Nala's) |
| विधिना | विधि (३.१) | by fate |
| अस्ति | अस्ति (√अस् कर्तरि लट् (परस्मै.) प्र.पु. एक.) | is |
| वञ्चिता | वञ्चित (√वञ्च्+क्त, १.१) | cheated |
| मुखस्य | मुख (६.१) | of the face |
| लक्ष्मीम् | लक्ष्मी (२.१) | the beauty |
| तव | युष्मद् (६.१) | your |
| यत् | यत् | that |
| न | न | not |
| वीक्षते | वीक्षते (वि√ईक्ष् कर्तरि लट् (आत्मने.) प्र.पु. एक.) | it sees |
| असौ | अदस् (१.१) | that (pair of eyes) |
| अपि | अपि | also |
| श्वः | श्वस् | tomorrow |
| तत् | तद् (२.१) | that |
| इमाम् | इदम् (२.१) | this (beauty) |
| नल-आनने | नलानन (७.१) | on Nala's face |
| विलोक्य | विलोक्य (वि√लोक्+ल्यप्) | having seen |
| साफल्यम् | साफल्य (२.१) | fruitfulness |
| उपैतु | उपैतु (उप√इ कर्तरि लोट् (परस्मै.) प्र.पु. एक.) | may it attain |
| जन्मनः | जन्मन् (६.१) | of its birth |
छन्दः
वंशस्थम् [१२: जतजर]
छन्दोविश्लेषणम्
| १ | २ | ३ | ४ | ५ | ६ | ७ | ८ | ९ | १० | ११ | १२ |
|---|---|---|---|---|---|---|---|---|---|---|---|
| दृ | शो | र्द्व | यी | ते | वि | धि | ना | स्ति | व | ञ्चि | ता |
| मु | ख | स्य | ल | क्ष्मीं | त | व | य | न्न | वी | क्ष | ते |
| अ | सा | व | पि | श्व | स्त | दि | मां | न | ला | न | ने |
| वि | लो | क्य | सा | फ | ल्य | मु | पै | तु | ज | न्म | नः |
| ज | त | ज | र | ||||||||
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