घुसृणसुमनःश्रेणीश्रीणामनादरिभिः सरः-
परिसरचरैर्भासां भर्तुः कुमारतरैः करैः ।
अजनि जलजामोदानन्दोत्पतिष्णुमधुव्रता
बलिशबलनाद्गुञ्जापुञ्जश्रियं गृहयालुभिः ॥
घुसृणसुमनःश्रेणीश्रीणामनादरिभिः सरः-
परिसरचरैर्भासां भर्तुः कुमारतरैः करैः ।
अजनि जलजामोदानन्दोत्पतिष्णुमधुव्रता
बलिशबलनाद्गुञ्जापुञ्जश्रियं गृहयालुभिः ॥
परिसरचरैर्भासां भर्तुः कुमारतरैः करैः ।
अजनि जलजामोदानन्दोत्पतिष्णुमधुव्रता
बलिशबलनाद्गुञ्जापुञ्जश्रियं गृहयालुभिः ॥
अन्वयः
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भासां भर्तुः घुसृणसुमनःश्रेणीश्रीणाम् अनादरिभिः सरःपरिसरचरैः कुमारतरैः करैः बलिशबलनात् गुञ्जापुञ्जश्रियं गृहयालुभिः जलजामोदानन्दोत्पतिष्णुमधुव्रता (सरसी) अजनि ।
Summary
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A lake was formed by the very tender rays of the sun, lord of lights. These rays, moving about the lake, disregarded the beauty of saffron flowers. The lake had bees flying up joyfully from the fragrance of lotuses, and these bees, eager to take the variegated pollen, assumed the beauty of a heap of Gunja berries.
पदच्छेदः
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| घुसृणसुमनःश्रेणीश्रीणाम् | घुसृण–सुमनस्–श्रेणी–श्री (६.३) | of the beauty of rows of saffron flowers |
| अनादरिभिः | अनादरिन् (३.३) | by those who disregard |
| सरःपरिसरचरैः | सरस्–परिसर–चर (३.३) | by those moving in the vicinity of the lake |
| भासाम् | भास् (६.३) | of lights |
| भर्तुः | भर्तृ (६.१) | of the lord (the sun) |
| कुमारतरैः | कुमारतर (३.३) | by the very tender |
| करैः | कर (३.३) | rays |
| अजनि | अजनि (√जन् भावकर्मणोः लुङ् (आत्मने.) प्र.पु. एक.) | was created |
| जलजामोदानन्दोत्पतिष्णुमधुव्रता | जलज–आमोद–आनन्द–उत्पतिष्णु–मधुव्रत (१.१) | (a lake) having bees flying up in joy at the fragrance of the lotuses |
| बलिशबलनात् | बलि–शबलन (५.१) | from the variegation of offerings (pollen) |
| गुञ्जापुञ्जश्रियम् | गुञ्जा–पुञ्ज–श्री (२.१) | the beauty of a heap of Gunja berries |
| गृहयालुभिः | गृहयालु (३.३) | by those eager to take |
छन्दः
हरिणी [१७: नसमरसलग]
छन्दोविश्लेषणम्
| १ | २ | ३ | ४ | ५ | ६ | ७ | ८ | ९ | १० | ११ | १२ | १३ | १४ | १५ | १६ | १७ |
|---|---|---|---|---|---|---|---|---|---|---|---|---|---|---|---|---|
| घु | सृ | ण | सु | म | नः | श्रे | णी | श्री | णा | म | ना | द | रि | भिः | स | रः |
| प | रि | स | र | च | रै | र्भा | सां | भ | र्तुः | कु | मा | र | त | रैः | क | रैः |
| अ | ज | नि | ज | ल | जा | मो | दा | न | न्दो | त्प | ति | ष्णु | म | धु | व्र | ता |
| ब | लि | श | ब | ल | ना | द्गु | ञ्जा | पु | ञ्ज | श्रि | यं | गृ | ह | या | लु | भिः |
| न | स | म | र | स | ल | ग | ||||||||||
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