यतोऽजनि श्रीर्बलवान्बलं द्विष-
न्बभूव यस्याजिषु वारणेन सः ।
अपूपुरत्तान्कमलार्थिनो घना-
न्समुद्रभावं स बभार तद्भुजः ॥
यतोऽजनि श्रीर्बलवान्बलं द्विष-
न्बभूव यस्याजिषु वारणेन सः ।
अपूपुरत्तान्कमलार्थिनो घना-
न्समुद्रभावं स बभार तद्भुजः ॥
न्बभूव यस्याजिषु वारणेन सः ।
अपूपुरत्तान्कमलार्थिनो घना-
न्समुद्रभावं स बभार तद्भुजः ॥
अन्वयः
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यतः श्रीः अजनि, यस्य वारणेन सः बलवान् द्विषन् आजिषु अबलम् बभूव, सः तद्भुजः कमलार्थिनः तान् घनान् अपूपुरत्, (अतः) सः समुद्रभावं बभार ।
Summary
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Nala's arm bore the nature of the ocean for three reasons: from it, prosperity (Shri) was born; through its strength (and war elephant), the powerful enemy Bala was subdued in battles; and it satisfied the clouds which desire water (kamala). Thus, it resembled the ocean, the source of Shri, subduer of Bala, and filler of clouds.
पदच्छेदः
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| यतः | यतः | from which |
| अजनि | अजनि (√जन् भावकर्मणोः लुङ् (आत्मने.) प्र.पु. एक.) | was born |
| श्रीः | श्री (१.१) | prosperity (Lakshmi) |
| बलवान् | बलवत् (१.१) | powerful |
| बलम् | बल (२.१) | strength (or the demon Bala) |
| द्विषन् | द्विषत् (१.१) | enemy |
| बभूव | बभूव (√भू कर्तरि लिट् (परस्मै.) प्र.पु. एक.) | became |
| यस्य | यद् (६.१) | by whose |
| आजिषु | आजि (७.३) | in battles |
| वारणेन | वारण (३.१) | by the elephant |
| सः | तद् (१.१) | he |
| अपूपुरत् | अपूपुरत् (√पृ +णिच् कर्तरि लुङ् (परस्मै.) प्र.पु. एक.) | filled/satisfied |
| तान् | तद् (२.३) | them |
| कमलार्थिनः | कमल–अर्थिन् (२.३) | those desiring water |
| घनान् | घन (२.३) | clouds |
| समुद्रभावम् | समुद्र–भाव (२.१) | the nature of an ocean |
| सः | तद् (१.१) | that |
| बभार | बभार (√भृ कर्तरि लिट् (परस्मै.) प्र.पु. एक.) | bore |
| तत् | तद् | that |
| भुजः | भुज (१.१) | arm |
छन्दः
वंशस्थम् [१२: जतजर]
छन्दोविश्लेषणम्
| १ | २ | ३ | ४ | ५ | ६ | ७ | ८ | ९ | १० | ११ | १२ |
|---|---|---|---|---|---|---|---|---|---|---|---|
| य | तो | ऽज | नि | श्री | र्ब | ल | वा | न्ब | लं | द्वि | ष |
| न्ब | भू | व | य | स्या | जि | षु | वा | र | णे | न | सः |
| अ | पू | पु | र | त्ता | न्क | म | ला | र्थि | नो | घ | ना |
| न्स | मु | द्र | भा | वं | स | ब | भा | र | त | द्भु | जः |
| ज | त | ज | र | ||||||||
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