अन्वयः
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भर्तृभिः प्रणय-सम्भ्रम-दत्ताम् अति-रसाम् वारुणीम् रसयित्वा, वधूभिः ह्री-विमोह-विरहात् पाटवम् नु हृदयम् नु उपलेभे ।
English Summary
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After tasting the very delicious wine given by their lovers with affection and eagerness, was it cleverness or was it courage that was obtained by the women, due to the absence of shyness and confusion?
सारांश
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पतियों द्वारा प्रेमपूर्वक दी गई मदिरा का पान कर, लज्जा के दूर होने पर स्त्रियों ने मानो एक विशेष चातुर्य अथवा अपने वास्तविक हृदय को प्राप्त कर लिया।
घण्टापथव्याख्या (मल्लिनाथः)
भर्तृभिरिति ॥ भर्तृभिः प्रणयसंभ्रमाभ्यां प्रेमादराभ्यां दत्ताम् ।
संभ्रमः साध्वसेऽपि स्यात्संवेगादरयोरपि इति विश्वः । अत एवातिरसामधिकस्वादां वारुणीं वरुणात्मजाम् । सुरा हलिप्रिया हाला परिस्रुद्वरुणात्मजा इत्यमरः (अमरकोशः २.१०.३९ ) । रसयित्वास्वाद्य वधूभिर्ह्रीविमोहविरहान्मदेन लज्जाजाड्यापगमाद्धेतोः पाटवं पटुत्वं तु हृदयं ज्ञानविशेषं नूपलेभे । अत एव हृदयस्य तत्कार्यज्ञानसामर्थ्याद्धृदयमेव प्रागसत्पश्चाल्लब्धमिति संदेहः । अन्यथा कथं प्रियं प्रति वक्रोत्याद्यर्थेषु प्रवृत्तिरिति भावः । संदेहालंकारः॥ स्वादितः स्वयमर्थेधितमानं लम्भितः प्रियतमैः सह पीतः । आसवः प्रतिपदं प्रमदानां नैकरूपरसतामिव भेजे
पदच्छेदः
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| भर्तृभिः | भर्तृ (३.३) | by their lovers |
| प्रणयसम्भ्रमदत्ताम् | प्रणय–सम्भ्रम–दत्त (√दा+क्त, २.१) | given with affection and eagerness |
| वारुणीम् | वारुणी (२.१) | the wine |
| अतिरसाम् | अतिरस (२.१) | very delicious |
| रसयित्वा | रसयित्वा (√रस्+णिच्+क्त्वा) | having tasted |
| ह्रीविमोहविरहात् | ह्री–विमोह–विरह (५.१) | from the absence of shyness and confusion |
| उपलेभे | उपलेभे (उप√लभ् भावकर्मणोः लिट् (आत्मने.) प्र.पु. एक.) | was obtained |
| पाटवम् | पाटव (२.१) | cleverness |
| नु | नु | or |
| हृदयम् | हृदय (२.१) | courage |
| नु | नु | or |
| वधूभिः | वधू (३.३) | by the women |
छन्दः
स्वागता [११: रनभगग]
छन्दोविश्लेषणम्
| १ | २ | ३ | ४ | ५ | ६ | ७ | ८ | ९ | १० | ११ |
|---|---|---|---|---|---|---|---|---|---|---|
| भ | र्तृ | भिः | प्र | ण | य | स | म्भ्र | म | द | त्तां |
| वा | रु | णी | म | ति | र | सां | र | स | यि | त्वा |
| ह्री | वि | मो | ह | वि | र | हा | दु | प | ले | भे |
| पा | ट | वं | नु | हृ | द | यं | नु | व | धू | भिः |
| र | न | भ | ग | ग | ||||||
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