सोढावगीतप्रथमायुधस्य
क्रोधोज्झितैर्वेगितया पतद्भिः ।
छिन्नैरपि त्रासितवाहिनीकैः
पेते कृतार्थैरिव तस्य बाणैः ॥
सोढावगीतप्रथमायुधस्य
क्रोधोज्झितैर्वेगितया पतद्भिः ।
छिन्नैरपि त्रासितवाहिनीकैः
पेते कृतार्थैरिव तस्य बाणैः ॥
क्रोधोज्झितैर्वेगितया पतद्भिः ।
छिन्नैरपि त्रासितवाहिनीकैः
पेते कृतार्थैरिव तस्य बाणैः ॥
अन्वयः
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सोढावगीतप्रथमायुधस्य तस्य बाणाः क्रोधोज्झिताः वेगतया पतन्तः छिन्नाः अपि त्रासितवाहिनीकाः (सन्तः) कृतार्थाः इव पेतिरे ।
English Summary
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The arrows of Arjuna, who had endured the disgrace of his primary weapon, though discharged with anger and falling with speed, fell as if they had accomplished their purpose, having terrified the enemy army even after being cut down.
सारांश
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शिव के प्रहारों को सहन करने वाले अर्जुन के कटे हुए बाण भी अत्यंत वेग से गिरते हुए ऐसे लगे मानो वे शत्रु सेना को डराकर अपना लक्ष्य प्राप्त कर चुके हों।
घण्टापथव्याख्या (मल्लिनाथः)
सोढेति ॥ सोढानि परैरवगीतानि गर्हितानि प्रथमायुधानि सर्वोत्सृष्टबाणा यस्य तस्यार्जुनस्य संबन्धिभिः क्रोधोज्झितैः पूर्वबाणवैफल्यात्कोपेन त्यक्तैः । अतएव वेम्गितया वेगेन पतद्भिर्गतिं कुर्वद्भिः। अतएव छिन्नैरपि त्रासिता वाहिन्यो यैस्तैरत एव कृताथैरिव बाणैः पेते । भावे लिट् । वस्तुतस्त्वकृतार्था एवेत्यर्थः ॥ अलंकृतानामृजुतागुणेन गुरूपदिष्टां गतिमास्थितानाम् । सतामिवापर्वणि मार्गणानां भङ्गः स जिष्णोर्धृतिमुन्ममाथ
पदच्छेदः
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| सोढावगीतप्रथमायुधस्य | सोढ–अवगीत–प्रथम–आयुध (६.१) | of him who had endured the disgrace of his primary weapon |
| क्रोधोज्झितैः | क्रोध–उज्झित (३.३) | discharged with anger |
| वेगितया | वेगिता (३.१) | with speed |
| पतद्भिः | पतत् (√पत्+शतृ, ३.३) | by the falling ones |
| छिन्नैः | छिन्न (√छिद्+क्त, ३.३) | by the ones that were cut |
| अपि | अपि | even |
| त्रासितवाहिनीकैः | त्रासित–वाहिनीक (३.३) | by those who had terrified the army |
| पेते | पेते (√पत् कर्तरि लिट् (आत्मने.) प्र.पु. द्वि.) | they (two) fell |
| कृतार्थैः | कृत–अर्थ (३.३) | as if having accomplished their purpose |
| इव | इव | as if |
| तस्य | तद् (६.१) | his (Arjuna's) |
| बाणैः | बाण (३.३) | by the arrows |
छन्दः
इन्द्रवज्रा [११: ततजगग]
छन्दोविश्लेषणम्
| १ | २ | ३ | ४ | ५ | ६ | ७ | ८ | ९ | १० | ११ |
|---|---|---|---|---|---|---|---|---|---|---|
| सो | ढा | व | गी | त | प्र | थ | मा | यु | ध | स्य |
| क्रो | धो | ज्झि | तै | र्वे | गि | त | या | प | त | द्भिः |
| छि | न्नै | र | पि | त्रा | सि | त | वा | हि | नी | कैः |
| पे | ते | कृ | ता | र्थै | रि | व | त | स्य | बा | णैः |
| त | त | ज | ग | ग | ||||||
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