प्रत्याहतौजाः कृतसत्त्ववेगः
पराक्रमं ज्यायसि यस्तनोति ।
तेजांसि भानोरिव निष्पतन्ति
यशांसि वीर्यज्वलितानि तस्य ॥
प्रत्याहतौजाः कृतसत्त्ववेगः
पराक्रमं ज्यायसि यस्तनोति ।
तेजांसि भानोरिव निष्पतन्ति
यशांसि वीर्यज्वलितानि तस्य ॥
पराक्रमं ज्यायसि यस्तनोति ।
तेजांसि भानोरिव निष्पतन्ति
यशांसि वीर्यज्वलितानि तस्य ॥
अन्वयः
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यः प्रत्याहतौजाः कृतसत्त्ववेगः सन् ज्यायसि पराक्रमम् तनोति, तस्य वीर्यज्वलितानि यशांसि भानोः तेजांसि इव निष्पतन्ति।
English Summary
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For one whose power is repelled but who musters his courage and exerts his prowess against a superior, glories ignited by valor emanate from him, just like rays of light from the sun.
सारांश
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जिसकी शक्ति को चुनौती दी गई हो, ऐसा जो व्यक्ति अपने से श्रेष्ठ शत्रु पर पराक्रम दिखाता है, वीरता से प्रज्वलित उसका यश सूर्य की किरणों के समान चारों ओर फैल जाता है।
घण्टापथव्याख्या (मल्लिनाथः)
प्रत्याहतेति ॥ प्रत्याहृतौजाः परेण प्रतिहतबलः सन्नपि कृतसत्त्ववेगः कृतोत्साहातिशयः सन्यः पुमाञ्ज्यायसि स्वस्मादप्यधिके पराक्रमं तनोति तस्य पुंसो भानोरर्कस्य तेजांसीव वीर्येण शौर्येण ज्वलितानि प्रकाशितानि यशांसि निष्पतन्ति । उद्भवन्तीत्यर्थः। हीनस्याधिकाभियोगो यशस्कर इति भावः ॥ ततः किमित्यत आह
पदच्छेदः
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| प्रत्याहतौजाः | प्रत्याहत (प्रति+आ√हन्+क्त)–ओजस् (१.१) | one whose power is repelled |
| कृतसत्त्ववेगः | कृत (√कृ+क्त)–सत्त्व–वेग (१.१) | one who has mustered his courage's force |
| पराक्रमं | पराक्रम (२.१) | prowess |
| ज्यायसि | ज्यायस् (७.१) | against a superior |
| यस्तनोति | यद् (१.१)–तनोति (√तन् कर्तरि लट् (परस्मै.) प्र.पु. एक.) | who exerts |
| तेजांसि | तेजस् (१.३) | rays of light |
| भानोरिव | भानु (६.१)–इव | like of the sun |
| निष्पतन्ति | निष्पतन्ति (निस्√पत् कर्तरि लट् (परस्मै.) प्र.पु. बहु.) | emanate |
| यशांसि | यशस् (१.३) | glories |
| वीर्यज्वलितानि | वीर्य–ज्वलित (√ज्वल्+क्त, १.३) | ignited by valor |
| तस्य | तद् (६.१) | his |
छन्दः
उपजातिः [११]
छन्दोविश्लेषणम्
| १ | २ | ३ | ४ | ५ | ६ | ७ | ८ | ९ | १० | ११ |
|---|---|---|---|---|---|---|---|---|---|---|
| प्र | त्या | ह | तौ | जाः | कृ | त | स | त्त्व | वे | गः |
| प | रा | क्र | मं | ज्या | य | सि | य | स्त | नो | ति |
| ते | जां | सि | भा | नो | रि | व | नि | ष्प | त | न्ति |
| य | शां | सि | वी | र्य | ज्व | लि | ता | नि | त | स्य |
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